बुधवार, 5 जून 2024

Lawyer book

 



अपराध  (Crime)


अपराध मोह तथा क्रोध के कारण होने वाली अपकार्य है। अतः मनुष्य एक सामाजिक प्राणी है तथा उसके अनेक आवश्यकता हैं और इससे मोह एवं  क्रोध उत्पन्न होता है जिससे व्यक्ति अपराध को जन्म देता है।


दुष्कृति (Wrong)


यह एक सिविल अपकार्य होता है। इसका प्रभाव किसी व्यक्ति विशेष अथवा व्यक्तियों के समूह विशेष के सिविल अधिकारों पर पड़ता है। दुश कृति के लिए धान के रूप में क्षतिपूर्ति का आदेश दिया जाता है अतः दुष्ट कृति में क्षतिग्रस्त व्यक्ति की क्षतिपूर्ति करना मुख्य उद्देश्य होता है इसके लिए धन के रूप में छतिपूर्ति का आदेश दिया जाता है।


अपराध के मानसिक तत्व


किसी अपराध में मानसिक तत्व ही अपराधिक विधि सिद्धांतों को सुनिश्चित करते हैं यह इस प्रकार हैं


आशय (Intention)


हेतुक (Motive)


दुराशय  (Mens rea)


ज्ञान (Knowledge)


निर्दोषिता (innocence)


तथ्य की भूल (Mistake of fact)


विधि की भूल (Mistake of law)


भारतीय दंड संहिता में शब्द दूर आशय का प्रवचन समस्त कर दिया गया है सुप्रसिद्ध विधि वेता एमसीसी तलवार ने अपनी पुस्तक का मामला इन इंडिया में इस तथ्य को स्वीकार करते हुए कहा है कि भारत में दोषी मन का सिद्धांत अपराधों की विधिक परिभाषा ओं में सम्मिलित कर लिया गया है इसलिए अब अलग से इसके परिवर्तन की कोई आवश्यकता नहीं रह गई है और हरी प्रसाद बनाम स्टेट के मामले में दोहरा से को अपराध का एक आवश्यक तत्व स्वीकार किया गया है इस प्रकार स्टेट आफ महाराष्ट्र बनाम में आराम से झाड़ के मामले में उच्चतम न्यायालय ने यह भी निर्धारित किया कि जब तक किसी कानून में अधूरा से को अपराध का एक आवश्यक तत्व मानने से इनकार नहीं कर दिया जाता तब तक किसी अभियुक्त को किसी अपराध के लिए दोषी नहीं माना जा सकता है यदि उसका मन ही दोषी ना रहा हो


भारत में छल अपराधिक न्याय भंग आदि मामलों में कपट पूर्ण या बेमानी पूरा आशय का होना अवश्य आवश्यक माना गया है इस प्रकार कूट रचना के मामले में मिथ्या दस्तावेज तैयार करना तथा ऐसे दस्तावेज से किसी को क्षति पहुंचाना का आशय आवश्यक माना गया है।


आशय (intention)


असाध्य का अगला कदम है डे का कार्य रूप में परिणत ही उसका आशय माना जाता है जहां दुश्मनी का बदला ले लेना यहां मृत्यु कार्य कर देना आशा है इस प्रकार के अपराध का प्रारंभिक तत्व है जबकि आज से उसके बाद का ऑस्टिन के अनुसार आशय कार्य का लक्ष्य है अर्थात प्रयोजन जिसका स्रोत है निकृष्ट आशय दोषपूर्ण कार्य का स्वामी है दुरस्त पास है या प्रयोजन उस संपूर्णा आशय का वह भाग है जो दोस्त वृत्त की परिधि से बाहर है वास्तव में दे अर्थात प्रयोजन आशय का एक रूप है


दुराशय (men's rea)


दुरा से अपराध का ही एक रूप है दुरा से का अभिप्राय दोषपूर्ण है अथवा आपराधिक आशय है कोई भी कार्य तब तक अपराध नहीं माना जाता जब तक वह अधूरा से से प्रेरित होकर नहीं किया गया है लेकिन यह धारणा सिर्फ ओन्ली विधि किए भारतीय विधि कि नहीं अगले विधि में चौकी अपराध के आवश्यक तत्व निर्धारित कर दिए गए हैं तोरा से अपराध के गठन के लिए एक अनिवार्य शर्त है इस सूत्र पर आधारित है एक्टर्स फेसिट रियम नीसी मेंस सीट रिया कि बिना किसी व्यक्ति को अपराधी नहीं बनाता उदाहरण के तौर पर झाड़ी के पीछे छिपे किसी आदमी को जानवर समझ कर शिकारी उस पर गोली चलाता है और उसकी मृत्यु कार्य कर देता है यहां अपराध होते हुए भी उसे अपराधिक उत्तरदायित्व से मुक्त रखा जाएगा क्योंकि उसके मन में कोई भरोसा नहीं था


लेकिन भारतीय विधि विधि में ऐसे प्रत्येक कार्य को अपराध मान लिया जाता है जो विधि द्वारा वर्जित है फिर चाहे उसके पीछे अधूरा से रहा हो अथवा ना इस निरपेक्ष दायित्व के सिद्धांत के आधार पर रखा गया है जहां किसी समिति के अंतर्गत कोई कार्य किया जाना है और वह नहीं किया जाता तो उसे अपराध मान लिया जाए चाहे उसमें बुरा से पूर्णता भावे क्यों आ रहा है भारतीय विधि में जो कि प्रत्येक अपराध के साथ ही उसके आवश्यक तत्वों का उल्लेख कर दिया गया है


बता दो राशि को पृथक से एक तत्व के रूप में निरूपित किया गया है एक दिवस पूर्ण मनमोहित के रूप में स्वच्छता सास है कपट पूर्ण बेईमानी से आदि शब्दों का प्रयोग कर इस कमी को पूरा कर दिया गया है।


इंग्लिश विधि में इसका महत्व


इंग्लिश दंड विधि में दोहरा से मेंस रिया का एक महत्वपूर्ण स्थान है यह दांडी की विधि शास्त्र की आधारशिला है दांडी की विधि शास्त्र की यह मान्यता है कि दोषी मस्तिष्क के अभाव में किसी प्रकार का प्राधिकारी नहीं किया जा सकता


आशय के बिना केवल कार्य किसी व्यक्ति को अपराधी नहीं बनाता


यही वह सूत्र है जिस पर संपूर्ण झंडे की विधि शास्त्र आधारित है इसके अनुसार कोई भी कार्य किसी को दोषी व्यक्ति नहीं बना देता जब तक कि उसका ऐसा आसान नहीं रहा यह सूत्र उतना ही पुराना है जितनी की इंग्लिश दंड विधि


यह सूत्र दो तत्वों से मिलकर बना है


शारीरिक कृत्य


दुराशय


सक्षमता


अपराध का दूसरा आवश्यक तत्व अपराधी व्यक्ति का अपराध कार्य करने के लिए सक्षम होना है सक्षम होने से अभिप्राय यहां विधिक साक्षरता से एक व्यक्ति सारे जी कथा भौतिक रूप से कोई कार्य करने के लिए सक्षम हो सकता है लेकिन विधिक रुप से वही व्यक्ति सक्षम नहीं माना जा सकता उदाहरण 7 वर्ष से कम आयु का कोई शिशु किसी व्यक्ति को कोई हानि हरित कर सकता है लेकिन दंड संहिता की धारा 82 के अंतर्गत उसे अपराध नहीं माना जाता है इस प्रकार संहिता में अन्य ऐसे कई अपराधों का उल्लेख किया गया है जो अपराध की श्रेणी में नहीं आते जैसे विपरीत व्यक्ति द्वारा किया गया कार्य सद्भावना से किया गया कार्य दुर्घटना उसका तथा भूल के अधीन किया गया कार्य आदि इस प्रकार किसी कार्य को अपराध माना जा सकता है जबकि वह सभी तरह से अपराध की सीमा में आता है।


तथ्य की भूल


तथ्य की भूल छम में होती है और यह बचाव का एक अच्छा आधार हो सकती है या इस सूत्र पर आधारित है कि इग्नरेंस आफ है फैक्ट गुड एक्सक्यूज 


संहिता की धारा 76 भी इसी प्रकार की व्यवस्था की गई है इसके अनुसार कोई बात अपराध नहीं है जो किसी व्यक्ति से व्यक्ति द्वारा की जाए जो उसे करने के लिए विधि द्वारा अवैध हो या जो तथ्य की भूल के कारण ना की विधि की भूल के कारण सदभावना पूर्वक वि

श्वास करता हूं कि वह उसे करने के लिए विधि द्वारा अवध है









मंगलवार, 30 जनवरी 2024

UPP PRACTICE SET

1. भारत में व्यापार हेतु आने वाली दूसरी कम्पनी कौन-सी थी?

(a) डच

(c) डेनिस

(b) पुर्तगाली

(d) अंग्रेज

2. प्रसिद्ध खजुराहो की गुफाएँ कहाँ स्थित है?

(a) महाराष्ट्र में

(c) छत्तीसगढ़ में

(b) मध्य प्रदेश में

(d) राजस्थान में

3. रेडियो ट्रांसमिशन में FM से क्या अभिप्राय है?

(a) फैन मॉडुलेशन

(b) फर्मीज मेथड

(c) फ्रीक्वेन्सी मॉडुलेशन

(d) फ्रीक्वेण्ट मॉडुलेशन

4. सर्वाधिक अनुसूचित जनजातियाँ किस राज्य में निवास करती हैं?

(a) छत्तीसगढ़

(c) झारखण्ड

(b) राजस्थान

(d) मध्य प्रदेश

5. दिल्ली की जामा मस्जिद को किसने बनवाया था?

(a) अलाउद्दीन खिलजी

(b) शाहजहाँ

(C) औरंगजेब

(d) अकबर


6. 'विश्व पर्यावरण दिवस' मनाया जाता है

(a) 11 जुलाई को

(b) 5 जून को

(c) 5 सितम्बर को

(d) 12 अक्टूबर को


7. गुप्त साम्राज्य का संस्थापक निम्न में से कौन था?

(a) श्रीगुप्त

(b) चन्द्रगुप्त प्रथम

(C) चन्द्रगुप्त द्वितीय

(d) कुमारगुप्त

8. बायोडीजल निम्न में से किससे प्राप्त होता है?

(a) जटरोफा
(b) गन्ना
(८) धान
(d) ये सभी

हर्षवर्धन के शासनकाल में हिंदुस्तान में आने वाला यात्री कौन था?

(a) फाह्यान 

(b) अलबरूनी

(c) बेनसांग

(d) इनमें से कोई नहीं

शरीर के आमाशय एवं अन्य आन्तरिक अंगों का अन्वेषण करने वाली तकनीक 'इण्डोस्कॉपी' किस सिद्धान्त पर आधारित है?

ध्रुवण

विवर्तन

व्यतिकरण

पूर्ण आन्तरिक परावर्तन

11. भारत में ऊर्जा उत्पादन में सबसे अधिक हिस्सा किस प्रकार के ऊर्जा उत्पादन का है?

(a) नाभिक

(b) ऊष्मीय

(C) सौर

(d) पनबिजली

12. अमजद अली खाँ किस वाद्ययन्त्र के वादन से सम्बन्धित हैं?

(a) सितार

(b) वीणा

(c) सरोद

(d) वायलिन

13. टी.वी. कण्ट्रोल यूनिट निम्न में से किसे टी.वी. के संचालन के लिए प्रयोग करता है?

(a) प्रकाश तरंगें

(b) ध्वनि तरंगें

(c) सूक्ष्म तरंगें

(d) अवरक्त तरंगें

14. दस डिग्री (10°) चैनल किसके मध्य स्थित है?

(a) छोटा अण्डमान एवं बड़ा अण्डमान

(b) छोटा अण्डमान एवं कार निकोबार

(c) छोटा निकोबार एवं कार निकोबार

(d) छोटा निकोबार एवं बड़ा निकोबार

15. www के आविष्कारक तथा प्रवर्तक कौन हैं?

(a) एक रसेल

(c) ली. एन. फियोंग

(b) टिम बर्नर्स ली

(d) बिल गेट्स

16. सम्राट अशोक सम्बन्धित है? निम्नलिखित में से किस वंश से

(a) हर्यक वंश

(b) मौर्य वंश

(C) गुप्त वंश

(d) शिशुनाग वंश

17. बाजार नियन्त्रण प्रणाली सर्वप्रथम किसने तक प्रारम्भ की?

(a) मोहम्मद बिन तुगलक

(b) शाहजहाँ

(C) अलाउद्दीन खिलजी

(d) औरंगजेब

1. ‘त्रिपिटक’ ………. धार्मिक ग्रन्थ है I
(A) जैनों का
(B) बौद्धों का
(C) सिखों का
(D) हिन्दुओं का

2. ‘विजय स्तम्भ’ कहाँ स्थित है ?
(A) दिल्ली
(B) झाँसी
(C) चित्तोडगढ
(D) फतेहपुर सीकरी

3. राज्य विधानसभा में धन विधेयक किसकी पूर्व अनुमति से प्रस्तुत किया जा सकता है ?
(A) राज्य का राज्यपाल
(B) राज्य का मुख्यमंत्री
(C) विधानसभा का अध्यक्ष
(D) राज्य का वित्त मंत्री

4. पं. भीमसेन जोशी के क्रियाकलाप का क्षेत्र क्या रहा है ?
(A) साहित्य
(B) शास्त्रीय संगीत (गायन )
(C) शिक्षा
(D) पत्रकारिता

5. सीएडी किसका सूचक है ?
(A) Computer Aided Design
(B) Computer Automatic Design
(C) Computer Aided Decode
(D) Computer Automatic Decode
Q. 'अकबरपुरमाटी' उत्तर प्रदेश के किस जिले का मुख्यालय है?

(a) प्रयागराज का

(b) सन्त रविदासनगर का

(c) कानपुर देहात का

(d) सन्त कबीरनगर का


Q. प्रायद्वीप भारत की सबसे लम्बी नदी कौन-सी है?

(a) कृष्णा

(b) कावेरी

(C) नर्मदा

(D) गोदावरी


Q. बंगाल का प्रथम गवर्नर जनरल कौन था?

(a) लॉर्ड क्लाइव

(D) वारेन हेस्टिंग्स

(C) लॉर्ड कर्जन

(d) लॉर्ड कार्नवालिस

Q. भूकम्प की तीव्रता निम्न में से किसके द्वारा मापी जाती है?

(a) इडियोग्राफ

(b) पैण्टाग्राफ

(c) अर्गोग्राफ

(d) सीस्मोग्राफ

Q. भगवान महावीर स्वामी ने निम्न में से किस स्थान पर परिनिर्वाण प्राप्त किया?

(a) पावापुरी

(b) सारनाथ

(C) वैशाली

(d) श्रवणबेलगोला

Q. संविधान सभा का संवैधानिक सलाहकार कौन था?

(a) जवाहरलाल नेहरू

(b) डॉ. बी. आर. अम्बेडकर

(C) सर बी.एन. राव

(d) श्री के.एम. मुंशी

Q

(३) इस्पात में

(c) जल में

(b) निवात् म

(d) इनमें कोई नहीं

Q. चीनी यात्री फाह्यान किसके शासनकाल में भारत आया?

है?

(a) कनिष्क

(b) स्कन्दगुप्त

(c) चन्द्रगुप्त द्वितीय

(d) समुद्रगुप्त

15. कौन-सा विटामिन घाव शीघ्र भरने में सहायक होता है?

(a) विटामिन-A

(b) विटामिन-D

(c) विटामिन-B

(d) विटामिन-K

16. जलप्रपात 'जोग' किस राज्य में अवस्थित है?

(a) उत्तर प्रदेश 

(b) ओडिशा

(c) कर्नाटक 

(d) महाराष्ट्र 

17. पूर्वी और पश्चिमी घाट निम्नलिखित में से किस स्थान पर मिलते हैं?

 महाबलेश्वर

 महादेव पहाड़ी

 नीलगिरी पहाड़ी 

18. 'टाइटन' निम्नलिखित में से किस ग्रह से सम्बन्धित है?

(a) शनि

(b) बृहस्पति

(d) शुक्र

(c) गुरु


19. पंचायती राज का सबसे छोटा अंग निम्न में से कौन-सा है?

(a) जिला परिषद

(b) पंचायत समिति

(c) ग्राम

(d) ग्राम पंचायत

नगरों को जोड़ता है? 20. भारत का सबसे लम्बा यात्री रेलमार्ग किन दो नगरों को जोड़ता है 

(a) डिब्रूगढ़ और कन्याकुमारी को

(b) तिरुवनन्तपुरम् और गुवाहाटी को

(c) जम्मू तवी और गुवाहाटी को

(d) कन्याकुमारी और जम्मू तवी को

21. 'www' का पूर्ण रूप है

(a) वेब वर्किंग विण्डो

(b) विण्डो वर्ल्ड वाइड

(C) वर्ल्ड वाइड वेब

(d) वर्ल्ड वर्किंग वेब


बुधवार, 23 अगस्त 2023

मुस्लिम विधि (Muslim law)


मुस्लिम विधि के विकास की रुपरेखा का उल्लेख कीजिए। Give an outline of development of Mohammedan law.



मुसलमान कौन है ? Who is Muslim ?




मुस्लिम विधि के सुन्नी एवं शिया संप्रदाय से आप क्या समझते हैं ?  What do you understand by sunni and siya sampradaay ?




' इज्मा‌ ' की मुस्लिम विधि के स्रोत के रूप में व्याख्या कीजिए । Discuss ' Isma' as a source of Muslim law.




मुस्लिम विधि के स्रोत के रूप में सुन्नत तथा हदीस । Sunnat and Hadis as a source of Muslim law.

सुन्नत तथा हदीस -कुरान के पश्चात सुन्नत तथा हदीस मुस्लिम विधि के महत्वपूर्ण स्रोत हैं। सुन्नत एक वचन है जिसका बहुवचन सुन्ना है। सुन्ना का तात्पर्य मोहम्मद साहब के आचरण से है मोहम्मद साहब का आचरण इस प्रकार अनुग्रह माना गया है कि उनके आचरण क्षमता मुसलमान के लिए कानून बन गई हदीस शब्द का अर्थ है प्रवचन हदीस का बहुवचन है अहादी । अहादी से तात्पर्य मोहम्मद साहब द्वारा किए गए प्रवचनों से है मुस्लिम विधि में सुन्ना तथा अहादी  से दूसरे के स्थान पर प्रयोग किए गए जाते हैं। परन्तु सुन्नत से तात्पर्य मोहम्मद साहब के कार्य कलापों से है। मुहम्मद साहब का जीवन अनुकरणीय तथा अपने प्रवचन तथा उपदेश के दौरान जो बातें उन्होंने कही वह भी नियम के रूप में ग्रहणीय थे। अतः सुन्नत तथा हदीस मोहम्मद साहब के आचरण जीवन शैली तथा उनके प्रवचनों के उपदेशों से संकलित नियम बन गए। उमैया काल में मोहम्मद साहब के आचरण तथा उपदेश एवं प्रवचनों को लिपिबद्ध किया गया। मोहम्मद साहब के आचरण तथा प्रवचन मोहम्मद साहब के जीवन कल में संकलित नहीं किए गए इन्हें विभिन्न व्यक्तियों में अपने नजरिए से लिपिबद्ध किया यह व्यक्ति मोहम्मद सब के सहयोगी थे । मुसलमान मोहम्मद साहब के प्रति अपनी श्रद्धा तथा आचरण के कारण इन विभिन्न व्यक्तियों द्वारा विभिन्न रूप से प्रतिबद्ध किया गए सुन्ना तथा अहादी को बिना किसी जांच अथवा प्रश्न के मानते थे ।






मुस्लिम विधि के स्रोत के रूप में विधायन का महत्व ।
Importance of legislation as source of Muslim law.




मुस्लिम विधि में निकाह शब्द से आप क्या समझते हैं।
What do you understand by marriage in Muslim law.

विवाह या निकाह - मुस्लिम विधि में विवाह के लिए निकाह शब्द का प्रयोग किया गया है। निकाह शब्द का शाब्दिक अर्थ होता है 'योनि सम्बन्ध' निकाह शब्द से विवाह का अर्थ निकाला जाता है प्रत्येक मुसलमान के लिए विवाह आवश्यक है पैगंबर मोहम्मद सब के अनुसार जो व्यक्ति विवाह करता है वह सवाब (पुण्य) का कार्य करता है क्योंकि वह व्यक्ति विवाह द्वारा एक स्त्री को दिए व्यभिचारिणी होने से बचाता है ।






मुस्लिम विधि के अंतर्गत वैध विवाह क्या है इसकी आवश्यक शर्तें क्या-क्या होती हैं। What are the essential of a valid marriage according to Muslim law ?

एक वैद्य मुस्लिम विवाह की आवश्यक शर्तें - 

यदि एक पत्नी बाहुल्यम- मुस्लिम विवाह में बहु पत्नित्व हो तो मान्यता दी गई है परंतु बहुपति तो को व्यभिचार माना गया है।

विवाह के पक्षकारों के मध्य रक्त संबंध या कराबत का ना होना।

विवाह संबंध या मुशारत का ना होना।

धात्रेय या राजा यानि दुध सम्बन्ध का न होना।

इद्दत काल में विवाह का न होना।

समकालीन दो बहनों संग विवाह का ना होना

अपनी ही तलाकशुदा स्त्री से पुनर्विवाह ना होना।






बातिल विवाह क्या है ? What is batil marriage?





फासिद विवाह क्या है? What is fasid marriage? 





सहीह या नियमित विवाह से आप क्या समझते हो ?
What do you understand by sahih or valid marriage?
ऐसा त्रुटिहीन विवाह जिसमें विवाह की सभी औपचारिकताएं पूरी होती है सहीह विवाह कहलाता है इस विवाह के संबंध में निषेध प्रतिबंध का उल्लंघन नहीं होना चाहिए जैसे विवाह रक्त संबंध या धात्रे संबंध के अंतर्गत ना हो विवाह 7 वर्ष की कम आयु सगीर में संपन्न ना हुआ हो और ना ही विवाह गर्भ छुपा कर किया गया हो।






बातिल निकाह और फासिद निकाह में अन्तर समझाइए।






उचित मेहर से क्या तात्पर्य है  ?  What is proper dower ( mehar) ?

मंगलवार, 22 अगस्त 2023

लोक अंतर्राष्ट्रीय विधि



अंतर्राष्ट्रीय विधि की परिभाषा दीजिए । Define " International law"





क्या आप ऑस्टिन के इस विचार से सहमत हैं कि अंतर्राष्ट्रीय विधि केवल "सकारात्मक नैतिकता" है।
Do you agree with the Austin an view that international law is a mere "positive morality".





संधियों को अंतरराष्ट्रीय विधि के एक स्रोत के रूप में स्पष्ट करें। Treaties as a source of international law explain.




अंतर्राष्ट्रीय विधि के स्रोत के रूप में रुढ़ी की व्याख्या कीजिए। Explain 'custom' as a source of international law.



अंतर्राष्ट्रीय विधि तथा राष्ट्रीय विधि के संबंध के विषय में भारत के अभ्यास के बारे में संक्षेप में बताइए। Explain in brief the practice of india regarding relationship between international law and national law.



क्या संयुक्त राष्ट्र महासभा के संकल्प अंतर्राष्ट्रीय विधि के स्रोत होते हैं ? Are U.N. General assembly resolutions a source of international law ?

उत्तर- संयुक्त राष्ट्र की महासभा के संकल्प' विधिक, प्रकृति के नहीं होते अत: यह राज्यों पर बाध्यकारी नहीं होते। ये अपने सदस्यों पर किसी भी विधिक बाध्यता को सूचित नहीं करंत चाहे तो एकमत से या बहुमत से स्वीकार किये गये हो या इसके विषय सभी राज्यों के समान हित के विषय हो। फिर भी यदि संकल्प निर्विरोध हो या सदस्यों को पो बीहाई बहुमत से स्वीकार किया गया हो तथा किसी एक्ला को बाद के किसी संकल्प में दुहराया गया हो तो इसे अर्थहीन नहीं समझना चाहिए। रोसलिए हामिन्स (Rosalyn Nijgyins) ने प्रतिपादित किया है कि ऐसे संकल्पों का संचायी प्रभात (curry- Lutive effect) सामान्य रूढिगत विधि की तरह प्रतीत होता है Q उनके अनुसार समान विषय के संकल्प को बार-बार दुहराने से ( opinio Juris) का सृजन होता है। 'वर्तमान समय में अन्तराष्ट्रीय विधि के रुढीगत नियमों को "सनित करने में महासभा के संकल्पों को सक्षमल के सम्बन्ध में पश्चिमि राज्यों तथा तीसरे विश्व के देशों में वैचारिक मिलता है। पश्चिमि राज्य इस विचार के है कि रुठिगत नियम के सृजन के तत्व के रूप में संकल्पों का विचारणर इस शर्त पर किया जा सकता है कि ते राज्यों के तत्सम्यान अभ्यास द्वारा सम्पुष्ट किये जाते हैं, जबकि तीसरे विश्व के देश इस मत के है कि ये संकल्प अन्तराष्ट्रीय समुदाय को 'इच्छा' को अभिव्यक्त करते हैं तथा इसलए एदि के निर्माण तथा विधि के सामान्य सिद्धान्त की घोषणा के लिए सक्षम है यह माना जाता है की महासभा के संकल्पों को प्रवृति अन्तराष्ट्रीय निधि के रूढ़िगत नियम की प्रकृति को अर्जित करने की रही है। ये रूढ़ि के वश्यक तलों, जैसे व्यापकता तथा निरन्तरता, को पूरा करती है। इसके समतावादी प्रकृति, इसके बहुमत आधार तथा इसके लोकतांत्रिक उपगम के कारण यह माना जाता है कि महासभा में स्वीकृत संकल्प वर्तमान समय के आवश्यकता के प्रत्युत्तर में अन्तराष्ट्रीय विधि के विस्तार के लिए पर्याप्त प्रत्याभूति पेस करते है। ये तिथि के उत्तरोत्तर विकास के लिए आधार प्रदान करते हैं। महासभा द्वारा स्वीकार किए गए संकल्पों के माध्यम से जिन सिद्धांतों ने अंतरराष्ट्रीय विधि के रूढ़िगत नियमों की प्रस्तुति अर्जित की है उनमें से कुछ उदाहरण है अंतरराष्ट्रीय संबंधों में बल के प्रयोग या धमकी को प्रति सिद्ध करना आत्मरक्षा का अधिकार इत्यादि कुछ महत्वपूर्ण विधि निर्माण संकल्पों के उदाहरण हैं मानवाधिकारों की सार्वभौमिक घोषणा 1948 इत्यादि।



मान्यता से आप क्या समझते हैं ? What do you mean by Recognition?



राष्ट्रीयता को परिभाषित कीजिए। Define Nationality.

उतर: राष्ट्रीयता - राष्ट्र के व्यक्तियों से अपने राज्यों के प्रति निष्ठा (ollegiune) धारण करने की अपेक्षा की जाती है। जो व्यक्ति राज्य के राष्ट्रिक के रूप में जाना जाता है। इसलिए राष्ट्रीयता को "व्यक्ति की प्रास्थिति जो निष्ठा के बन्धन द्वारा राज्य से सम्बन्ध है। के रूप में परिभाषित किया जा सकता है। इस प्रकार शब्द "राष्ट्रीयता व्यक्तियों तथा राज्य के मध्य विधिक सम्बन्ध को व्यक्त करम है। ओपेनटाइम' ने उचित रूप से ही कहा है कि व्यक्ति की राष्ट्रीयता किसमे राज्य के नागरीक होने का उसका गुण है। व्यक्तियों की राष्ट्रीयता का निर्धारण राष्ट्रीय विधि के नियमों के के अनुसार किया जाता है। स्थायी अन्तराष्ट्रीय न्यायालय ने 1923 में घोषणा वृत्ति थी कि, अन्तराष्ट्रीय विधि की वर्तमान स्थिति में राष्ट्रीयता का प्रश्न एकमात्र राज्य को आन्तरीक अधिकारीता के अन्तर्गत आता है एही विधियों को अनु अन्य राज्य द्वारा मान्यता दिये जाने की अपेक्षा की जाती है। हेग' संहीताकरण सम्मेलन, 1930 द्वारा स्वीकृत राष्ट्र तिथियों के संघर्ष से सम्बन्धीत कुछ प्रश्नो पर अभिसमय का अनुच्छेद 1 प्रावधान करता है कि प्रत्येक राज्य अपनी विधि के अधीन यह निर्धारित कर सकता है की कौन उसका राष्ट्रीक होगा। ऐसी विधि को अन्य राज्यों द्वारा केवल' तब मान्यता दी जायेगी, जब' यहाँ अन्तराष्ट्रीय अभिसमय अन्तराष्ट्रीय रूढ़ियों तथा राष्ट्रीयता के सम्बन्ध में सामान्यत: मान्य विधि के सिद्धान्तों से संगत होगा।" "इसका तात्पर्य यह है कि अन्तराष्ट्रीय विधि को परिसिमाओं के अन्तर्गत राज्य यह निश्चित करने के लिए, स्वतंत्र की है कि किले वह अपने राष्ट्रिक के रूप में चुने और किसे अपने राष्ट्रीक के रूप में नामंजूर करे। अन्तराष्ट्रीय विधि द्वारा ये परिसीमाएँ अन्य राज्यों के हित में निर्धारित की जाती है न की व्यक्तियों के हित के लिए। राष्ट्रीयल वह प्रमुख की है जिसके माध्यम से व्यक्ति अन्तराष्ट्रीय विधि की सुविधाओं का उपयोग कर सकते हैं। राज्य अपने राष्ट्रिकों पर आधारिता अधिकारिता का प्रयोग करता है। तथा विदेश में यात्रा करने वाले या विवास करने वाले उसके राष्ट्रीक उसको व्यक्तिगत सर्वोच्चता के अधीन रहते है। अन्तराष्ट्रीय विधि ऐसे अधिकारिता के प्रयोग की अनुजा देती है तथा उन सीमाओं का निर्धारण करती है जिनके अन्दर उनका प्रयोग किया जा सकता है। मातरोमैटिस बाद / mevroomtis case में स्थायी अन्तराष्ट्रीय न्यायालय ने निर्णय दिया था कि अन्तराष्ट्रीय विधि का यह प्रारंभिक सिद्धान्त है कि राज्य अपने राष्ट्रीको को संरक्षण प्रदान करते का हकदार है यदि उन्हें अन्य राज्यों द्वारा कारित अन्तराष्ट्रीय विधि के प्रतिकुल कार्यों द्वारा क्षति होती है तथा के समुचित माध्यम से समाधान प्राप्त करने में असमर्थ है


अंतर्राष्ट्रीय विधि के अंतर्गत मान्यता के प्रभाव का वर्णन कीजिए Explain the effects of the recognition under the international law.

रविवार, 20 अगस्त 2023

विधिक अचार, अधिवक्ताओं की जवाबदेही एवं बेंच बार संबंध

विधिज्ञ परिषदें । (Bar counsils)


विधिक व्यवसाय का महत्व ( Importance of legal profession)


वृतिक आचार ( professional ethics )


न्यायालय अवमान संबंधी संवैधानिक उपबंध
( Congratulational provisions relating to contempt of court )


अधिवक्ताओं द्वारा  अवमानना । Contempt by advocates.

शनिवार, 19 अगस्त 2023

अधिवक्ता ( Advocates )

अधिवक्ता ( Advocates )

अधिवक्ता के पंजीकरण के लिए अर्हताएं (Qualification for enrolememt as an advocate)
वाक् की स्वतंत्रता एवं न्यायालय की अवमानना।
( Freedom of speech and contempt of court )
एक राज्य सूची से दूसरे राज्य सूची में अधिवक्ता पंजीकरण के स्थानांतरण की प्रक्रिया का वर्णन कीजिए।
( Discuss the procedure of transfer of name of advocate from one state roll to another state )
अधिवक्ताओं एवं मुवक्किल के सम्बन्ध।
( The relationship of advocates and client )
व्यवसायिक अवचार। Professional misconduct.
अधिवक्ता नामावली में परिवर्तन।
Alteration in roll of advocates.

Lawyer book

  अपराध  (Crime) अपराध मोह तथा क्रोध के कारण होने वाली अपकार्य है। अतः मनुष्य एक सामाजिक प्राणी है तथा उसके अनेक आवश्यकता हैं और...